मुजफ्फरपुर के अहियापुर में एक मां और उसके तीन मासूम बच्चों की अपहरण के बाद नृशंस हत्या कर दी गई। बुढ़ी गंडक नदी किनारे बंधे हुए शव मिले, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया। परिजनों ने 10 जनवरी को गुमशुदगी दर्ज कराई थी और 12 जनवरी को अपहरणकर्ताओं से धमकी भरे कॉल आए थे। परिवार ने पुलिस पर समय पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
HIGHLIGHTS
1.अहियापुर में मां और तीन मासूमों का नृशंस कत्ल।
2.अपहरण के बाद बुढ़ी गंडक नदी में मिले शव।
3.पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप, जांच जारी।
अहियापुर थाना क्षेत्र में मां और तीन मासूम बच्चों की नृशंस हत्या से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। सोमवार को चंदवारा घाट पुल के नीचे बुढ़ी गंडक नदी किनारे महिला और तीन बच्चों के बंधे हुए शव मिलने के बाद सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर जुट गए।
घटना की जानकारी मिलते ही सिटी एसपी, एसडीपीओ टू विनिता सिन्हा और अहियापुर थानाध्यक्ष रोहन कुमार मौके पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू कराई। मृतकों की पहचान कृशमोहन कुमार की पत्नी 22 वर्षीय ममता कुमारी, उनके बेटे आदित्य कुमार (6 वर्ष), अंकुश कुमार (4 वर्ष) और दो वर्षीय पुत्री कृति कुमारी के रूप में हुई है। स्वजन ने शव की पहचान करते हुए अपहरण के बाद हत्या का गंभीर आरोप लगाया है।
परिजनों के अनुसार, 10 जनवरी को अहियापुर थाना में लापता होने की शिकायत दर्ज कराई गई थी। बखरी सिपाहपुर निवासी कृशमोहन कुमार ने पुलिस को बताया था कि वे पेशे से ऑटो चालक हैं और अमरेंद्र कुमार सिंह के मकान में किराये पर रहते हैं। 10 जनवरी की सुबह करीब पांच बजे वे ऑटो चलाने जीरो माइल गए थे। शाम करीब छह बजे जब वे लौटे तो उनकी मां ने बताया कि ममता कुमारी अपने तीनों बच्चों के साथ करीब 11 बजे मार्केटिंग के लिए जीरो माइल गई थीं, लेकिन वापस नहीं लौटीं।
काफी खोजबीन के बाद भी जब कोई सुराग नहीं मिला, तो 12 जनवरी की सुबह करीब तीन बजे दो अज्ञात मोबाइल नंबरों से फोन कॉल आया। कॉल करने वालों ने परिजनों से बात के दौरान स्वीकार किया कि महिला और बच्चों का अपहरण कर लिया गया है और पुलिस को सूचना देने पर पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित परिवार का आरोप है कि इसके बावजूद पुलिस द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, जिसका नतीजा यह हुआ कि बदमाशों ने चारों की हत्या कर शव नदी में फेंक दिए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते पुलिस सक्रिय होती, तो शायद इस जघन्य वारदात को रोका जा सकता था। घटना के बाद क्षेत्र में भय और आक्रोश का माहौल है। मौके पर भारी पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। अपहरण, हत्या और पुलिस को मिली धमकी के सभी बिंदुओं को जोड़कर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। केस के अनुसंधानकर्ता एसआई मिथुन कुमार बताए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।







